महिलाओं के लिए फुल-बॉडी वर्कआउट प्लान: हफ़्ते में 2 दिन
जिम के लिए एक रेडी-मेड प्रोग्राम: हफ़्ते में 2 दिन (सोम, गुरु), 10 एक्सरसाइज, हर दिन के लिए सेट्स और रैप्स। हर वर्कआउट पूरे शरीर को ट्रेन करता है, जो कम वर्कआउट वाले शेड्यूल के लिए बिल्कुल सही है।
हर एक्सरसाइज़ के नीचे: सेट्स × रैप्स।
दिन 1 चेस्ट, बैक, लेग्स
बारबेल बैक स्क्वाट4 × 10
डंबल बेंच प्रेस3 × 12
केबल पुलडाउन4 × 10
फार लेग हिप थ्रस्ट3 × 15
डंबल सीटेड शोल्डर प्रेस3 × 12
दिन 2 बैक, लेग्स, शोल्डर
डंबल रियर लंज3 × 12
डंबल पाम रोटेशनल बेंट ओवर रो4 × 10
डंबल स्टैंडिंग लेटरल रेज़3 × 15
स्मिथ मशीन हिप थ्रस्ट3 × 15
कैप्टन्स चेयर स्ट्रेट लेग रेज़3 × 15
यह प्रोग्राम Gloox में पहले से उपलब्ध है
ऐप में रेडी-मेड प्लान्स खोलें। AI कोच आपके लक्ष्य और इक्विपमेंट के हिसाब से प्रोग्राम सेट करता है, और वर्कआउट के दौरान हर सेट के लिए वज़न सुझाता है।
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फुल बॉडी वर्कआउट किसके लिए है
शुरुआती लोगों और उन सभी के लिए जो हफ़्ते में 2–4 दिन जिम जाते हैं। इसमें हर मसल को हफ़्ते में कई बार ट्रेन किया जाता है, और एक सेशन छूटने पर भी पूरा मसल ग्रुप मिस नहीं होता।
प्रोग्रेस कैसे करें
ऐसे वज़न से शुरुआत करें जिससे 2–3 रैप्स की गुंजाइश बची रहे। जब हर सेट रैप रेंज की ऊपरी सीमा तक पहुँच जाए, तो वज़न 2.5–5% बढ़ाएं। वर्कआउट्स के बीच कम से कम एक दिन का रेस्ट ज़रूर रखें।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या मसल बनाने के लिए फुल बॉडी वर्कआउट अच्छा है?
हाँ, बशर्ते हर हफ़्ते वज़न या रैप्स बढ़ते रहें और आप पर्याप्त कैलोरी और प्रोटीन लें।
सेट्स के बीच कितना आराम करना चाहिए?
बड़ी लिफ्ट्स में 2–3 मिनट, आइसोलेशन एक्सरसाइज़ में 60–90 सेकंड।